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Ram Navami 2020: राम नवमी कब मनायी जाती है, जानिए पूजा का शुभ मुहूर्त (Photos)

    Ram Navami 2020 Date: राम नवमी कब मनाई जाता है, जानिए पूजा का शुभ मुहूर्त और महत्व (Photos)

    Maha Durga Navami Date 2020: महा नवमी, जिसे दुर्गा नवमी के रूप में भी मनाया जाता है हिंदूओं का वैदिक त्योहार है जो शारदीय नवरात्रि के नौवें दिन और दुर्गा पूजा के चौथे/पांचवें दिन (हिंदू कैलेंडर के अनुसार) मनाया जाता है। शारदीय नवरात्रि और दुर्गा पूजा को देवी दुर्गा के सम्मान में मनाया जाता है।

    यह पवित्र त्यौहार अश्विन और चैत के महीने में मनाया जाता है, जो आमतौर पर सितंबर और अक्टूबर के महीनों में पड़ता है। जो इस बार 24 अक्टूबर 2020 को है।

    Ram Navmi 2020 Date Kab Hai Shubh Mahurat
    Ram Navmi 2020 Date Kab Hai Shubh Mahurat

    आइए हम राम नवमी 2020 डेट कब, क्यों और कैसें मनाया जाता है, और दुर्गा नवमी का शुभ मुहूर्त और महत्व के बारे मे जानते है।


    दुर्गा महा-नवमी डेट और शुभ मुहूर्त (Durga Navami 2020 Subha Mahurat)

    दुर्गा पूजा का आखिरी दिन दुर्गा महा-नवमी का होता है, बताया जाता है की इसी दिन माँ दुर्गा ने महिषासुर का अंत किया था।

    2020 में दुर्गा महा नवमी कब है?
    दुर्गा महा-नवमी 2020 डेट:- अक्टूबर 24, 2020 (शनिवार)
    नवमी तिथि: अक्टूबर 24, 2020 को 07:01 बजे से नवमी आरम्भ हो रही है और अक्टूबर 25, 2020 को 07:44 बजे पर समाप्त


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    महा नवमी क्यों मनाई जाती है | Why We Celebrate Maha Durga Navami

    राम नवमी (महानवमी) या दुर्गा नवमी को बुराई पर अच्छाई की जीत के रूप में मनाया जाता है। यह देवी दुर्गा और राक्षस महिषासुर के बीच लड़ाई का अंतिम दिन है। महा नवमी की शुरुआत महास्नान (पवित्र स्नान) से होती है, इसके बाद देवी दुर्गा या मां दुर्गा की प्रार्थना की जाती है।

    ऐसा माना जाता है कि महा नवमी पर देवी दुर्गा को महिषासुरमर्दिनी के रूप में पूजा जाता है - जिसका शाब्दिक अर्थ है भैंस दानव का वध। महा नवमी के दिन, दुर्गा माँ ने राक्षस महिषासुर पर अपना अंतिम हमला किया, और अगली सुबह, विजयादशमी पर, उस पर विजय प्राप्त की।

    वास्तव में, विजयादशमी का नाम संस्कृत और हिंदी के शब्दों विजया अर्थात विजयी से लिया गया है, और दशमी, जिसका अर्थ दसवाँ दिन है। विजयादशमी को दशहरा के रूप में भी मनाया जाता है, जिसका नाम भी संस्कृत के शब्दों दश यानी बुरा है, और हारा जिसका अर्थ है पराजित या नष्ट करना - जिससे यह त्योहार बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है।


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    नवरात्रि का महत्व, महा नवमी (दुर्गा नवमी), विजयादशमी, और दशहरा:

    भारत के पूर्वी और पूर्वोत्तर राज्यों में, दुर्गा पूजा नवरात्रि का पर्याय है। दोनों त्योहारों में, देवी दुर्गा लड़ती हैं और राक्षस महिषासुर पर विजयी प्राप्त करती हैं।

    उत्तरी और पश्चिमी राज्यों में, त्योहार "राम लीला" और दशहरा का पर्याय है जो राक्षस राजा रावण पर भगवान राम की लड़ाई और जीत का जश्न मनाता है।

    दक्षिणी राज्यों में, दशहरा को विभिन्न देवी (देवी चामुंडेश्वरी) की जीत के रूप में मनाया जाता है, है। सभी मामलों में, सामान्य विषय बुराई पर अच्छाई की लड़ाई और जीत का प्रतीक है।


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    Ram Navami 2020: राम नवमी की हार्दिक शुभकामनाएँ फोटोज, इमेजेज, हिंदी में

    Maha Durga Ram Navami 2020 Images
    Maha Durga Ram Navami 2020 Images

    राम नवमी की हार्दिक शुभकामानाएं फोटोज
    Shree Ram Navmi Ki Shubkamnaye 2020
    Shree Ram Navmi Ki Shubkamnaye 2020
    यहाँ देखें: शुभ नवरात्रि की खूबसूरत तस्वीरें

    Chaitra Ram Navami Date 2020

    Chaitra Ram Navami Date 2020: राम नवमी चैत्र नवरात्रि के नौवें दिन (हिंदू कैलेंडर के अनुसार) मनाया जाता है इस साल यह 02 मार्च को पड़ रही है। चैत्र नवरात्रि को देवी माँ के सम्मान में मनाया जाता है। यह पवित्र त्यौहार चैत के महीने में मनाते है, जो आमतौर पर मार्च और अप्रैल के महीनों में होता है।


    चैत्र राम नवमी कब और क्यों मनाते है?

    रामनवमी वह त्यौहार है जो भगवान राम के जन्म का उत्सव है। यह हिंदू कैलेंडर के चैत्र (मध्य मार्च) के महीने में शुक्ल पक्ष के नौवें दिन मनाया जाता है। यह आमतौर पर हर साल मार्च या अप्रैल के महीनों में होता है।


    राम नवमी पर हुआ श्री राम का जन्म:
    पौराणिक धार्मिक ग्रंथों और कथाओं के अनुसार भगवान राम धरती पर त्रेता युग में अवतरित हुए थे। अयोध्या के राजा दशरथ की तीन पत्नियाँ थी परन्तु उन्हें किसी भी रानी से पुत्र प्राप्ति नहीं हुई। जिसके बाद ऋषि मुनियों की सलाह से उन्होंने पुत्रेष्टि यज्ञ करवाया और प्रसाद के रूप में मिली खीर को अपनी प्रिय पत्नी कौशल्या को दे दिया। परन्तु कौशल्या ने वह प्रसाद अकेले नहीं खाया उन्होंने इसे केकैयी और दशरथ की तीसरी पत्नी सुमित्रा को भी दिया।

    जिसके परिणामस्वरूप चैत्र शुक्ल नवमी को माता कौशल्या की कोख से भगवान श्री राम का जन्म हुआ, तो वहीं केकैयी ने भरत और सुमित्रा ने लक्ष्मण व शत्रुघ्न को जन्म दिया।

    भगवान राम का जन्म मनुष्यों के कल्याण और धरती पर बढ़ते अधर्म का नाश करने के लिए और धर्म की स्थापना करने के उद्देश्य से हुआ था। उन्होंने अपने मर्यादा पुरुषोत्तम की छवि के रूप में अपने आप को प्रस्तुत कर लोगों के बीच पुरुषो का एक आदर्श रूप स्थापित किया।


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    अंतिम शब्द

    दोस्तों यह था हमारा आज का लेख जिसमें हमने आपको Maha Navmi 2020 और राम नवमी कब, क्यों और कैसें मनाया जाता है, के बारे में जानकारी दी और दुर्गा नवमी का शुभ मुहूर्त और महत्व के विषय मे भी बताया।

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