26 जनवरी को पहला गणतंत्र दिवस क्यों और कैसे मनाया गया


26 जनवरी को पहला गणतंत्र दिवस क्यों और कैसे मनाया गया

26 जनवरी को गणतंत्र दिवस क्यों मनाया जाता है और भारत का पहला गणतंत्र दिवस कैसे मनाया गया होगा, अगर आपके मन में भी यह सवाल आया है तो आज हम आपके इस दोनों सवालों के जावाब बड़े हर्षोल्लास के साथ देने वाले है। गणतंत्र दिवस का दिन हर भारतीय के लिए बहुत गर्व का दिन होता है, जिसे हर सच्चा भारतीय पूरे उत्साह के साथ मनाता हैं।


भारत ही ऐसा एकमात्र देश है जहाँ विविधता में एकता देखने को मिलती है, जहां विभिन्न जाति, समुदाय और धर्म के लोग एक साथ मिलकर प्रेम से रहते हैं। हमारे महान देश भारत में 26 जनवरी और 15 अगस्त दो ऐसे राष्ट्र पर्व है जिन्हें हर भारतीय खुशी और उत्साह के साथ मनाता है. 26 जनवरी 1950 भारतीय इतिहास में इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जाता है, क्योंकि भारत का संविधान इसी दिन अस्तित्व में आया और भारत इस दिन पूर्व गणतंत्र देश बना था।


26 janwari 2019 gantantra divas

26 जनवरी को गणतंत्र दिवस क्यों मनाया जाता है

भारत का संविधान लिखित रूप से लागू होने वाला दुनिया का सबसे बड़ा संविधान है। आपको बता दें भारतीय संविधान के निर्माण की प्रक्रिया में 2 वर्ष 11 महीना 18 दिन का समय लगा था। भारतीय संविधान के वास्तुकार डॉ भीमराव अंबेडकर प्रारूप समिति के अध्यक्ष थे। भारतीय संविधान के निर्माताओं ने विश्व के सभी देशों के संविधान के अच्छे लक्षणों को अपने संविधान में आत्मसात करने का प्रयास किया है।

इस दिन भारत एक संपूर्ण गणतांत्रिक देश बन कर तैयार हो गया था, देश को गौरवशाली गणतंत्र राष्ट्र बनाने में देश के शाहिदों ने अपना बलिदान दिया था, इसलिए 26 जनवरी के दिन भारत के उन वीर जवानों की याद गणतंत्र दिवस मनाया जाता है और उन्हें श्रद्धांजलि दी जाती है। तो अब तो आप समझ ही गए होंगे की 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस क्यों मनाते है तो आइए अब जानते है की भारत का पहला गणतंत्र दिवस कैसे मनाया गया।


यह भी पढ़े: फेसबुक के बारे में जरूर पढ़े ये रोचक जानकारी


2019 के भारतीय गणतंत्र दिवस की एक झलक

आज के समय में इस दिन इंडिया गेट पर भव्य परेड का आयोजन होता है, राष्ट्रपति परेड की सलामी लेते हैं, प्रदर्शन होता है राजपथ पर जवान एक से बढ़कर एक करतब दिखाते हैं। इसके अलावा भारत सरकार और राज्यों की झांकियां निकलती है झांकियों के जरिए कला संस्कृति और किसी खास योजना का प्रदर्शन किया जाता है। इस मौके पर शहीदों को सम्मानित किया जाता है और देश के बहादुर बच्चों को अवॉर्ड भी दिए जाते हैं।


यह भी पढ़े: Whatsapp पर Auto Reply कैसे करें


भारत का पहला गणतंत्र दिवस कैसे मनाया गया

अगर आप भी यह सोचतें है की आखिर कैसा था भारत की पहला गणतंत्र दिवस, क्या ख़ास रहा कौन उस समय का मुख्य अतिथि रहा और कहाँ मनाया गया, तो आइये चलते हैं गणतंत्र दिवस की पहली परेड की और जानते है किस तरह आजाद भारत के पहले गणतंत्र दिवस को मनाया गया था।

  • 1. 26 जनवरी 1950 को लगभग सुबह 10:15 बजे भारत गणतंत्र घोषित कर दिया गया।

  • 2. पहले गणतंत्र दिवस पर भारत के पहले राष्ट्रपति डॉ राजेंद्र प्रसाद को 31 सिपाहियों ने 31 बन्दूको की सलामी दी थी।

  • 3. गणतंत्र दिवस समारोह से ठीक पहले ही डॉ राजेंद्र प्रसाद जी ने राष्ट्रपति पद की शपथ ली थी।

  • 4. उस वक्त राष्ट्रपति आज की तरह बड़ी-बड़ी अब बुलेट प्रूफ गाड़ियों में नहीं बल्कि राजा महाराजाओं की तरह घोड़ा गाड़ी में आया करते थे।

  • 5. भारत के पहले गणतंत्र दिवस से ही समारोह में मुख्य अतिथियों की मौजूदगी रही है वहीं भारत के पहले गणतंत्र दिवस समारोह में इंडोनेशिया के राष्ट्रपति सुकरणों मुख्य अतिथि बनकर आए थे।

  • 6. पहले गणतंत्र दिवस की परेड राजघाट या विजय चौक पर नहीं बल्कि इरविन स्टेडियम में हुई थी। जहाँ इस परेड को देखने लगभग 15000 लोग पहुंचे थे।


यह भी पढ़े: Whatsapp की 5 यूज़फुल Tips


अंतिम शब्द

प्यारें भाइयों तो आपने अभी जाना की किस तरह हमारे देश का सबसे गौरवशाली दिन यानि गणतंत्र दिवस 26 जनवरी को क्यों मनाया जाता है, और भारत का पहला गणतंत्र दिवस कैसे मनाया गया था। तो दोस्तों अगर आपको गणतंत्र दिवस की यह जानकारी कैसी लगी हमें कमेंट करके जरूर बताए, और यह रोचक जानकरी अपने दोस्तों रिश्तेदारों के साथ Facebook और Whatsapp पर जरूर शेयर करें।

NEXT ARTICLE Next Post
PREVIOUS ARTICLE Previous Post
-->
NEXT ARTICLE Next Post
PREVIOUS ARTICLE Previous Post